भारत और रूस के बीच 16 अरब के रक्षा सौदे निर्धारित है. इसमें एस-400 हवाई रक्षा प्रणाली की आपूर्ति और कलाश्निकोव राइफल्स व कामोव हेलीकॉप्टरों का उत्पादन भी शामिल है.

नई दिल्ली: भारत और चीन के बीच वास्तविक नियंत्रण रेखा (एलएसी) पर जारी तनाव के बीच रक्षामंत्री राजनाथ सिंह रूस की तीन दिवसीय यात्रा पर हैं. रक्षामंत्री ने मंगलवार को कहा, “मुझे रूस की ओर से आश्वासन दिया गया है कि हथियारों के लिए चल रहे अनुबंधों को बनाए रखा जाएगा और कई मामलों में कम समय में आगे बढ़ाया जाएगा. हमारे सभी प्रस्तावों को रूसी पक्ष से सकारात्मक प्रतिक्रिया मिली है. मैं अपनी चर्चाओं से पूरी तरह संतुष्ट हूं.”

[Defense Minister Rajnath Singh is on a three-day visit to Russia amidst ongoing tension along the Line of Actual Control (LAC) between India and China. The defense minister said on Tuesday, “I have been assured by Russia that the ongoing contracts for arms will be maintained and in many cases will be extended in a short time. All our proposals have received positive response from the Russian side. I am completely satisfied with my discussions. “]

चीन के साथ बढ़े तनाव के बीच भारत एस-400 मिसाइल की आपूर्ति में तेजी लाने की कोशिश कर रहा है. भारत और रूस के बीच 16 अरब के रक्षा सौदे निर्धारित हैं. दोनों देशों ने इस साल फरवरी में लखनऊ में डेफएक्सपो 2020 के दौरान 14 समझौता ज्ञापनों (एमओयू) पर हस्ताक्षर किए, जिसमें थल, वायु और नौसेना प्रणालियों और हाई-टेक सिविलियन उत्पादों के विकास और उत्पादन को शामिल किया गया है. भारत की ओर से 200 का-226 हेलीकॉप्टर खरीदने की योजना है.

[India is trying to speed up the supply of the S-400 missile amid heightened tensions with China. 16 billion defense deals are scheduled between India and Russia. The two countries signed 14 Memorandums of Understanding (MoUs) in February this year during DefExpo 2020 in Lucknow covering development and production of land, air and naval systems and high-tech civilian products. There are plans to buy 200 Ka-226 helicopters from India.]

भारतीय वायुसेना ने आर-27 एयर-टू-एयर मिसाइल खरीदने के लिए रूस के साथ 1500 करोड़ रुपये के समझौते पर हस्ताक्षर किए हैं. इन मिसाइलों को भारतीय वायुसेना की मल्टी रोल सू-30एमकेआई फाइटर जेट्स पर फिट किया जाएगा. यह मिसाइल भारतीय वायुसेना की हवा से हवा में मार करने की क्षमता को और बढ़ावा देगी.

[The Indian Air Force has signed a Rs 1500 crore deal with Russia to purchase the R-27 air-to-air missile. These missiles will be fitted on multi roll Su-30MKI fighter jets of the Indian Air Force. This missile will further enhance the air-to-air capability of the Indian Air Force.]

रक्षामंत्री की रूस यात्रा भारत और चीन के बीच गतिरोध बढ़ने के बाद हुई है. पूर्वी लद्दाख की गलवान घाटी में 15 जून की रात चीनी सैनिकों के साथ हुई झड़प में 20 भारतीय जवान शहीद हो गए थे.

[The Defense Minister’s visit to Russia comes after the escalation between India and China. On the night of 15 June, 20 Indian soldiers were killed in a clash with Chinese soldiers in the Galwan Valley of eastern Ladakh.]

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